What is Demat Account in Hindi | Demat Account kya hai?

by Rahul Gupta
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What is Demat Account in Hindi Demat Account kya hai

What is Demat Account in Hindi | Demat Account kya hai?

What is Demat Account in Hindi/Demat Account kya hai? – डिमैट अकाउंट यानी कि Dematerialised Account शेयर मार्किट की एक बहुत ही विशेष टर्म हैं। दोस्तो यदि आप Demat Account के बारे में जानना चाहते हैं तो मुझे उम्मीद है कि आप जरूर शेयर मार्केट में रुचि रखते होंगे। यदि आप शेयर मार्केट में निवेश करना चाहते हैं तो ऐसे में आपको डिमैट अकाउंट की आवश्यकता पड़ती है।

शेयर मार्केट में निवेश करने के लिए मुख्य रूप से आपको तीन तरह के खातों की आवश्यकता पड़ती है। बैंक खाता, ट्रेडिंग खाता और डिमैट खाता। यदि दोस्तों आप जानना चाहते हैं कि Demat Account क्या होता है और आप डीमेट अकाउंट कैसे खोल सकते हैं, तो आज आप बिल्कुल सही जगह पर आए हैं। आज इस आर्टिकल में हम आपके इसी सवाल का जवाब देने वाले हैं।

Demat Account क्या होता है?

What is an Demat Account – डिमैट अकाउंट एक ऐसा खाता होता है जो आपको इलेक्ट्रॉनिक रुप में खरीदे गए शेयर्स को रखने की सुविधा प्रदान करता है। जब भी आप ऑनलाइन ट्रेडिंग करते हैं यानी कि शेयरों की खरीद और बिक्री करते हैं तो वह शेयर आपकी डीमेट अकाउंट पर संग्रहित किए जाते हैं। जिसका अर्थ यह है कि यदि आप शेयर मार्केट में निवेश करना चाहते हैं तो आपके लिए एक डीमैट अकाउंट का होना आवश्यक होता है। एक डिमैट अकाउंट में निवेशकों द्वारा खरीदे गए Shares, Securities, Funds, Bonds और Mutual funds सभी एक ही जगह पर संग्रहीत किए जाते हैं।

डीमैट अकाउंट का मतलब समझने के साथ ये यह जानना जरूरी है कि, आज के समय में डीमैट सेवाएँ ब्रोकिंग हाउस के साथ-साथ कई अन्य वित्तीय और बैंकिंग संस्थानों द्वारा भी दी जा रही है। डिपॉज़िटरी सेवाएँ प्रदान करने वाले संस्थानों को डिपॉज़िटरी पार्टनर के रूप में जाना जाता है। परिभाषा के अनुसार डिपॉज़िटरी भागीदार NSDL एनएसडीएल और/या CSDL सीएसडीएल, और निवेशक के बीच एक मध्यस्थ की तरह काम करता है।

इस खाते को खोलने के लिए निवेशक को SEBI (सेबी) से पंजीकृत डिपॉजिटरी पार्टीसिपेंट (डीपी) के साथ डीमैट अकाउंट खोलने की आवश्यकता होती है। डीमैट खाता खोलने के लिए निवेशक को अकाउंट ओपनिंग फ़ॉर्म भरने के साथ सेबी द्वारा स्वीकृत दस्तावेज़ों की प्रतियाँ, पहचान के प्रमाण, पते के प्रमाण के रूप में जमा करवाना होता है। अकाउंट खोलते समय मूल पैन कार्ड और सभी आवेदकों को सत्यापन के लिए मूल दस्तावेज़ लाने की जरुरत भी पड़ती है।

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Demat Account का इतिहास

Demat Account History – Demat Account को Dematerialised Account भी कहा जाता है। 1996 से पूर्व भारत में जब भी कोई शेयर खरीदता था तो उसे खरीदने के बाद एक भौतिक प्रमाण पत्र दिया जाता था। इस प्रमाण पत्र में आपके द्वारा खरीदी के शेयरों की जानकारी होती थी। परंतु 1996 में भारतीय सरकार ने डीमेट अकाउंट सिस्टम (Demat Account system) को NSE ( National Stock Exchange) में ट्रेडिंग के लिए जारी कर दिया। और उसी के बाद से आज तक NSE और BSE में शेयर की खरीद और बिक्री के लिए डिमैट अकाउंट सिस्टम का इस्तेमाल किया जाता है।

Demat Account उदहारण

डीमैट अकाउंट को और अच्छे से समझने के लिए एक उदाहरण की सहायता लेते हैँ। मान लो आप एक कंपनी के शेयर से लेना चाहते हैं जिसका नाम X है. 1996 से पूर्व यदि आप इस कंपनी के शेयरों को लेते तो इन शेयरों को लेने के बाद आपको एक प्रमाण पत्र दिया जाता। शेयर को लेने के लिए आपको स्वयं ही Stock Exchange (NSE or BSE) में जाना पड़ता था। इस पत्र में आपके द्वारा लिए गए सभी शेयरों संबंधी जानकारी होती। परंतु यदि आज के समय में आप इस कंपनी के शेयर लेते हैं तो आपको कोई भी कागजी कार्रवाई नहीं करनी पड़ेगी। जब भी आप कंपनी के शेयरों को खरीदते हैं तो आपके द्वारा खरीदे गए शेयर्स आपकी Demat Account में इलेक्ट्रॉनिक रूप में संग्रहित हो जाते हैं। और यह काम आप घर बैठे-बैठे भी कर सकते है।

दोस्तों आशा करता हूं कि आप समझ गए होंगे कि Demat Account क्या होता है। हम एक डिमैट अकाउंट कैसे खोल सकते हैं को जानने से पूर्व हमें यह जानना जरूरी  हो जाता है कि डिमैट अकाउंट खोलने के लिए आपको किन-किन दस्तावेजों यानी कि Documents की आवश्यकता होगी।

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Demat Account को खोलने के लिए जरूरी दस्तावेज:

Documents Required to open Demat Account – Demat Account को खोलने के लिए निम्न दस्तावेज जरूरी है – :

  1. पहचान प्रमाण पत्र
  2. पता प्रमाण पत्र
  3. आय प्रमाण पत्र
  4. बैंक खाता
  5. पैन कार्ड
  6. आधार कार्ड
  7. पासपोर्ट साइज फ़ोटो
  8. हस्ताक्षर (Signature).

Demat Account कैसे खोला जाता है?

How to open Demat Account – Demat Account खोलना बहुत ही सरल है। यदि आप एक डिमैट अकाउंट खोलना चाहते हैं तो उसके लिए आपको एक ब्रोकर (Broker) की सहायता लेनी पड़ती है। यह ब्रोकर कोई भी व्यक्ति या कंपनी हो सकती है। वर्तमान समय में आपको ऑनलाइन बहुत सी वेबसाइट या एप्स मिल जाती है जो ब्रोकर का कार्य करती है।

डिमैट अकाउंट खोलने के लिए आपको सिर्फ इंटरनेट कनेक्शन की जरूरत होती है और आप ऑनलाइन घर बैठे अपना Demat Account खोल सकते हैं। डिमैट अकाउंट खोलने के बाद आपको एक और Username और Password प्राप्त हो जाएगा और वही Username और Password की सहायता से आप आने वाले समय में अपने Demat Account का इस्तेमाल कर पाएंगे।

जब आप किसी भी ब्रोकर की वेबसाइट पर जाएंगे वहां पर आपको सभी आवश्यक जानकारी जैसे कि पहचान प्रमाण पत्र, पता प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, बैंक खाता, पैन कार्ड, फोन नंबर, ईमेल आईडी, पासपोर्ट साइज फोटो और अन्य संबंधित आवश्यक जानकारी भरनी होगी।

डिमैट अकाउंट खोलने के साथ-साथ आपको एक ट्रेडिंग अकाउंट (Trading Account) खोलने की आवश्यकता होगी। साधारण शब्दों में कहा जाए तो ट्रेडिंग अकाउंट एक ऐसा खाता है जो आपको किसी भी शेयर को खरीदने और बेचने की सुविधा प्रदान करता है। यानी कि जो भी शेयर आप खरीद कर अपने Demat Account में संग्रहित करने वाले हैं उन शेयर को बेचने और खरीदने के लिए आपको एक Trading Account की आवश्यकता होती है। यह ट्रेडिंग और डीमैट अकाउंट्स एक ही ब्रोकर के पास खोले जाते है।

तो दोस्तों अभी तक हमने जाना है कि What is Demat Account/Demat Account kya hai? क्या होता है, और आपको एक डीमैट अकाउंट खोलने के लिए किन दस्तावेजों की आवश्यकता होती है। आगे हम देखेंगे की किसी ब्रोकिंग firm के साथ demat अकाउंट खोलने की क्या प्रक्रिया है, तो बने रहे हमारे साथ अपनीबचत पर। हम आपके सुझाव और कमेंट्स का इंतज़ार रहेगा।

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